menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
आदि पर्व
अध्याय १
chevron_left
chevron_right
सूत उवाच
तत्र यद्यद्यथा ज्ञातं मय़ा सञ्जय़ तच्छृणु |  १०१   क
श्रुत्वा हि मम वाक्यानि वुद्ध्या युक्तानि तत्त्वतः |  १०१   ख
ततो ज्ञास्यसि मां सौते प्रज्ञाचक्षुषमित्युत ||  १०१   ग
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति