menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय १
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
स हि नाय़ुध्यत तदा दशाहानि महाय़शाः |  ३३   क
सामात्यवन्धुः कर्णो वै तमाह्वय़त माचिरम् ||  ३३   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति