menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २०३
chevron_left
chevron_right
व्याध उवाच
यस्य सर्वे समारम्भाः निराशीर्वन्धनाः सदा |  ४३   क
त्यागे यस्य हुतं सर्वं स त्यागी स च वुद्धिमान् ||  ४३   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति