menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
सौप्तिक पर्व
अध्याय १७
chevron_left
chevron_right
वासुदेव उवाच
एवमुक्त्वा तु सङ्क्रुद्धो जगाम विमना भवः |  २६   क
गिरेर्मुञ्जवतः पादं तपस्तप्तुं महातपाः ||  २६   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति