menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १०९
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
वाय़ुर्नित्यं ववौ यत्र नित्यं देवश्च वर्षति |  ४   क
साय़ं प्रातश्च भगवान्दृश्यते हव्यवाहनः ||  ४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति