menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय १४०
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
शिखण्डिनमथाय़ान्तं रथेन रथिनां वरम् |  १०   क
कृपो शारद्वतो राजन्वारय़ामास संय़ुगे ||  १०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति