menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
आदि पर्व
अध्याय ११२
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
स विजित्य गृहीत्वा च नृपतीन्राजसत्तमः |  ११   क
प्राच्यानुदीच्यान्मध्यांश्च दक्षिणात्यानकालय़त् ||  ११   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति