menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय २६८
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
किञ्चिदेव ममत्वेन यदा भवति कल्पितम् |  ८   क
तदेव परितापाय़ नाशे सम्पद्यते पुनः ||  ८   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति