menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
अनुशासन पर्व
अध्याय ११७
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
न भय़ं विद्यते जातु नरस्येह दय़ावतः |  २१   क
दय़ावतामिमे लोकाः परे चापि तपस्विनाम् ||  २१   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति