menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय १६०
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
ऊचुश्चैनं तथैवाद्यं मानुषाणां त्वमीश्वरः |  ६७   क
असिना धर्मगर्भेण पालय़स्व प्रजा इति ||  ६७   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति