menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय ११९
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
प्राच्यां नृपानेकरथेन जित्वा; वृकोदरः सानुचरान्रणेषु |  १७   क
स्वस्त्यागमद्योऽतिरथस्तरस्वी; सोऽय़ं वने क्लिश्यति चीरवासाः ||  १७   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति