menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २५२
chevron_left
chevron_right
जय़द्रथ उवाच
जानामि कृष्णे विदितं ममैत; द्यथाविधास्ते नरदेवपुत्राः |  १०   क
न त्वेवमेतेन विभीषणेन; शक्या वय़ं त्रासय़ितुं त्वय़ाद्य ||  १०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति