menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय ११४
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
पुनः पुनस्तूवरक मूढ औदरिकेति च |  ६९   क
अकृतास्त्रक मा योत्सीर्वाल सङ्ग्रामकातर ||  ६९   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति