menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १२४
chevron_left
chevron_right
च्यवन उवाच
ऋते त्वां विवुधांश्चान्यान्कथं वै नार्हतः सवम् |  ११   क
अश्विनावपि देवेन्द्र देवौ विद्धि पुरन्दर ||  ११   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति