menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
विराट पर्व
अध्याय १७
chevron_left
chevron_right
द्रौपद्यु उवाच
एष निष्कसहस्राणि प्रदाय़ ददतां वरः |  १८   क
द्यूतजेन ह्यनर्थेन महता समुपावृतः ||  १८   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति