menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
अनुशासन पर्व
अध्याय १४३
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
स कुम्भरेताः ससृजे पुराणं; यत्रोत्पन्नमृषिमाहुर्वसिष्ठम् |  १८   क
स मातरिश्वा विभुरश्ववाजी; स रश्मिमान्सविता चादिदेवः ||  १८   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति