menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शल्य पर्व
अध्याय २८
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
स तु मामश्रुपूर्णाक्षो नाशक्नोदभिवीक्षितुम् |  ४१   क
उपप्रैक्षत मां दृष्ट्वा तदा दीनमवस्थितम् ||  ४१   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति