menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय १४९
chevron_left
chevron_right
गृध्र उवाच
अप्रिय़ं परुषं चापि परद्रोहं परस्त्रिय़म् |  ७५   क
अधर्ममनृतं चैव दूरात्प्राज्ञो निवर्तय़ेत् ||  ७५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति