menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
उद्योग पर्व
अध्याय १५४
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
भविताय़ं महारौद्रो दारुणः पुरुषक्षय़ः |  २४   क
दिष्टमेतद्ध्रुवं मन्ये न शक्यमतिवर्तितुम् ||  २४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति