menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १५५
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
तेऽनुज्ञाता महात्मानः प्रय़युर्दिशमुत्तराम् |  २४   क
कृष्णय़ा सहिता वीरा व्राह्मणैश्च महात्मभिः |  २४   ख
तान्प्रस्थितानन्वगच्छद्वृषपर्वा महीपतिः ||  २४   ग
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति