menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय १५७
chevron_left
chevron_right
वासुदेव उवाच
अतश्च प्रहितो युद्धे मय़ा कर्णाय़ राक्षसः |  ४३   क
न ह्यन्यः समरे रात्रौ शक्तः कर्णं प्रवाधितुम् ||  ४३   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति