menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १५८
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
लव्धः शैलो वय़ं मुक्ता मणिमांस्ते सखा हतः |  २०   क
मानुषेण कृतं कर्म विधत्स्व यदनन्तरम् ||  २०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति