menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
अनुशासन पर्व
अध्याय १६
chevron_left
chevron_right
वासुदेव उवाच
इन्द्रिय़ाणीन्द्रिय़ार्थाश्च तत्परं प्रकृतेर्ध्रुवम् |  २४   क
विश्वाविश्वपरो भावश्चिन्त्याचिन्त्यस्त्वमेव हि ||  २४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति