वन पर्व  अध्याय १६

वासुदेव उवाच

सोपतल्पप्रतोलीका साट्टाट्टालकगोपुरा |  ६   क
सकचग्रहणी चैव सोल्कालातावपोथिका ||  ६   ख
अनुवाद

अकृत-अनुवादम्

टीका

टीका नास्ति