menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १७२
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
अन्तर्भूमिगता ये च प्राणिनो जनमेजय़ |  १०   क
पीड्यमानाः समुत्थाय़ पाण्डवं पर्यवारय़न् ||  १०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति