उद्योग पर्व  अध्याय १८६

भीष्म उवाच

वत्स पर्याप्तमेतावद्भीष्मेण सह संय़ुगे |  १३   क
विमर्दस्ते महावाहो व्यपय़ाहि रणादितः ||  १३   ख
अनुवाद

अकृत-अनुवादम्

टीका

टीका नास्ति