उद्योग पर्व  अध्याय १९

वैशम्पाय़न उवाच

तेषामक्षौहिणी सेना वहुला विवभौ तदा |  २०   क
विधूय़माना वातेन वहुरूपा इवाम्वुदाः ||  २०   ख
अनुवाद

अकृत-अनुवादम्

टीका

टीका नास्ति