आदि पर्व  अध्याय २०६

उलूप्यु उवाच

तां मामनङ्गमथितां त्वत्कृते कुरुनन्दन |  २०   क
अनन्यां नन्दय़स्वाद्य प्रदानेनात्मनो रहः ||  २०   ख
अनुवाद

अकृत-अनुवादम्

टीका

टीका नास्ति