menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २१०
chevron_left
chevron_right
मार्कण्डेय़ उवाच
पञ्चवर्णः स तपसा कृतस्तैः पञ्चभिर्जनैः |  ५   क
पाञ्चजन्यः श्रुतो वेदे पञ्चवंशकरस्तु सः ||  ५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति