menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
आदि पर्व
अध्याय १८९
chevron_left
chevron_right
व्यास उवाच
ततो देवो गिरिशो वज्रपाणिं; विवृत्य नेत्रे कुपितोऽभ्युवाच |  २१   क
दरीमेतां प्रविश त्वं शतक्रतो; यन्मां वाल्यादवमंस्थाः पुरस्तात् ||  २१   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति