menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय २३२
chevron_left
chevron_right
व्यास उवाच
येनोपाय़ेन शक्येत संनिय़न्तुं चलं मनः |  २५   क
तं तं युक्तो निषेवेत न चैव विचलेत्ततः ||  २५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति