menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय २३३
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
सचेतनं जीवगुणं वदन्ति; स चेष्टते चेष्टय़ते च सर्वम् |  २०   क
ततः परं क्षेत्रविदो वदन्ति; प्रावर्तय़द्यो भुवनानि सप्त ||  २०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति