menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २४१
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
तांस्तु सम्प्रस्थितान्दृष्ट्वा भीष्मः कुरुपितामहः |  १२   क
लज्जय़ा व्रीडितो राजञ्जगाम स्वं निवेशनम् ||  १२   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति