menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय २६४
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
श्यामाकमशनं तत्र सूर्यपत्नी सुवर्चला |  ४   क
तिक्तं च विरसं शाकं तपसा स्वादुतां गतम् ||  ४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति