menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
अनुशासन पर्व
अध्याय ४८
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
यदृच्छय़ोपसम्पन्नैर्यज्ञसाधुवहिष्कृतैः |  ३१   क
वाह्या वाह्यैस्तु जाय़न्ते यथावृत्ति यथाश्रय़म् ||  ३१   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति