menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २३३
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
न तु गन्धर्वराजस्य सैनिका मन्दचेतसः |  १०   क
शक्यन्ते मृदुना श्रेय़ः प्रतिपादय़ितुं तदा ||  १०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति