menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २७८
chevron_left
chevron_right
नारद उवाच
अहो वत महत्पापं सावित्र्या नृपते कृतम् |  ११   क
अजानन्त्या यदनय़ा गुणवान्सत्यवान्वृतः ||  ११   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति