menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
सभा पर्व
अध्याय २८
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
तत्र माहिष्मतीवासी भगवान्हव्यवाहनः |  १७   क
श्रूय़ते निगृहीतो वै पुरस्तात्पारदारिकः ||  १७   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति