menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय २९७
chevron_left
chevron_right
यक्ष उवाच
किं स्विदापततां श्रेष्ठं किं स्विन्निपततां वरम् |  ३६   क
किं स्वित्प्रतिष्ठमानानां किं स्वित्प्रवदतां वरम् ||  ३६   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति