menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ३२
chevron_left
chevron_right
व्राह्मण उवाच
व्राह्मणं जनको राजा सन्नं कस्मिंश्चिदागमे |  २   क
विषय़े मे न वस्तव्यमिति शिष्ट्यर्थमव्रवीत् ||  २   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति