menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
उद्योग पर्व
अध्याय ३३
chevron_left
chevron_right
धृतराष्ट्र उवाच
जाग्रतो दह्यमानस्य श्रेय़ो यदिह पश्यसि |  ११   क
तद्व्रूहि त्वं हि नस्तात धर्मार्थकुशलो ह्यसि ||  ११   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति