menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय ३३४
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
मज्जन्ति पितरस्तस्य नरके शाश्वतीः समाः |  ६   क
यो द्विष्याद्विवुधश्रेष्ठं देवं नाराय़णं हरिम् ||  ६   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति