menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
कर्ण पर्व
अध्याय ५६
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
तत्राक्रन्दो महानासीत्पाञ्चालानां महारणे |  ३१   क
वध्यतां साय़कैस्तीक्ष्णैः कर्णचापवरच्युतैः ||  ३१   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति