menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ४२
chevron_left
chevron_right
व्रह्मो उवाच
स सर्वदोषनिर्मुक्तस्ततः पश्यति यत्परम् |  ५८   क
मनो मनसि सन्धाय़ पश्यत्यात्मानमात्मनि ||  ५८   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति