menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शल्य पर्व
अध्याय ४५
chevron_left
chevron_right
वैशम्पाय़न उवाच
ऐश्वर्याणि च तत्रस्थो ददावीशः पृथक्पृथक् |  ९०   क
तदा नैरृतमुख्येभ्यस्त्रैलोक्ये पावकात्मजः ||  ९०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति