menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय ४६
chevron_left
chevron_right
युधिष्ठिर उवाच
नेङ्गन्ति तव रोमाणि स्थिरा वुद्धिस्तथा मनः |  ५   क
स्थाणुकुड्यशिलाभूतो निरीहश्चासि माधव ||  ५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति