menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
कर्ण पर्व
अध्याय ५
chevron_left
chevron_right
धृतराष्ट्र उवाच
अकुर्वन्वचनं तस्य नूनं शोचति मे सुतः |  ५२   क
तदिदं समनुप्राप्तं वचनं दीर्घदर्शिनः ||  ५२   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति