menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
कर्ण पर्व
अध्याय ५०
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
त्वमित्युक्त्वैव राजानमेवं कश्मलमाविशः |  ३   क
हत्वा तु नृपतिं पार्थ अकरिष्यः किमुत्तरम् |  ३   ख
एवं सुदुर्विदो धर्मो मन्दप्रज्ञैर्विशेषतः ||  ३   ग
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति