menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
कर्ण पर्व
अध्याय ५१
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
अपय़ानकृतोत्साहो निराशश्चापि जीविते |  ७४   क
तस्थौ सुविह्वलः सङ्ख्ये प्रहारजनितश्रमः ||  ७४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति