menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
अनुशासन पर्व
अध्याय ६
chevron_left
chevron_right
भीष्म उवाच
भवति मनुजलोकाद्देवलोको विशिष्टो; वहुतरसुसमृद्ध्या मानुषाणां गृहाणि |  ४६   क
पितृवनभवनाभं दृश्यते चामराणां; न च फलति विकर्मा जीवलोकेन दैवम् ||  ४६   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति